रक्त कि कमी के कारण नही होगी किसी कि मौत – प्रशांत कश्यप

रक्त कि कमी के कारण नही होगी किसी कि मौत – प्रशांत कश्यप

रक्त कि कमी के कारण नही होगी किसी कि मौत – प्रशांत कश्यप

जय श्यामा माइ सेवा समिति के संस्थापक सह मानवाधिकार इमरजेंसी सोशल हेल्प लाइन के प्रमंडलीय सचिव प्रशांत कश्यप ने कहा कि रक्त कि कमी के कारण किसी भी इंसान कि मोत नही होगी। लेकिन इसके लिए पूरे समाज को इनका साथ देना होगा । लेकिन अगर किसी व्यक्ति कि मोत रक्त कि कमी के कारण होती है या हो रही है तो इसके पीछे उसके परिवार वाले का हाथ है क्योंकि जब कोई व्यक्ति अपने परिवार के लिए रक्तदान करने से कतराता है फिर वो दूसरों से मदद कि उम्मीद क्यों रखता है । लेकिन जब किसी गरीब , लाचार , असहाय व्यक्ति कि बात हो जिसे मदद करने वाला कोई नही है यहां तक कि उसके परिवार मे भी उनको मदद करने वाला कोई नही है तो ऐसी परिस्थिति मैं श्री कश्यप उनलोगों के मदद के लिए हमेशा तत्पर रहते है । कोरोना महामारी काल से लेकर अभी तक अपनी जान की परवाह किए बगैर ब्लड की कमी के कारण झूझ रहे सरकारी या किसी निजी अस्पताल में भर्ती मरीजों को हम और हमारे संगठन जय श्यामा माई सेवा

समिति के सभी रक्तवीर लगातार हर 3 महीने पर शिविर लगाकर जरूरतमंद लोगों तक रक्त उपलब्ध करवाकर जान बचाने की एक छोटी सी कोशिश कि है।। जब हमारे संवाददाता ने इनसे पूछा की इस तरह निस्वार्थ भावना से लोगों की सेवा में आप क्यों लगे रहते हैं तो श्री कश्यप ने कहा आए दिन अखबारों सोशल मीडिया एवं टेलिविजन के द्वारा जब यह न्यूज़ सुनने को मिलता है कि रक्त की कमी के कारण किसी व्यक्ति की जान चली जाती है तो अपने मन में और दिल में एक अलग प्रकार का ठेस लग जाती है और बहुत ही खराब महसूस होता है कि जब भगवान हमें किसी असहाय का मदद करने कि ताकत दिए है फिर हमलोग क्यों नही कर पाते है । इसके अलावे श्री कश्यप ने कहा रक्तदान करने से बहुत सारी ऐसी बीमारियां है – जैसे हाइपरटेंशन डायबिटीज ब्लड प्रेशर ब्लड कैंसर आदि जो नियमित रक्तदान करने वाले रक्तदाताओं से दूर रहती है। इसीलिए समाज के हर एक व्यक्ति को जो 18 साल से ऊपर और 60 साल से नीचे है एवं जिनका वजन 50 किलो से अधिक हो वह सभी व्यक्ति हर 3 महीने पर अपना नियमित रक्तदान करें क्योंकि आपके एक यूनिट रक्त से तीन व्यक्ति की जान बचाई जा सकती है

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